केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री श्री जे.पी. नड्डा ने डब्ल्यूएचओ एसईएआरओ भवन का दौरा किया; क्षेत्रीय और वैश्विक स्वास्थ्य सहयोग के प्रति भारत की प्रतिबद्धता को फिर से दोहराया

केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा ने आज नई दिल्ली में नए उद्घाटन किए गए विश्व स्वास्थ्य संगठन के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्रीय कार्यालय (डब्ल्यूएचओ एसईएआरओ) भवन का दौरा किया और दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र के देशों के मंत्रियों और वरिष्ठ प्रतिनिधियों के साथ बातचीत की। उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए, […]
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने पारंपरिक चिकित्सा पर दूसरे विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) वैश्विक शिखर सम्मेलन में समापन वक्तव्य दिया

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने आज भारत मंडपम में आयोजित विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के दूसरे वैश्विक पारंपरिक चिकित्सा शिखर सम्मेलन के समापन समारोह को संबोधित किया। इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री श्री जगत प्रकाश नड्डा, आयुष एवं स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण राज्य मंत्री श्री प्रतापराव जाधव और विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के महानिदेशक डॉ. […]
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने स्वाधीनता संग्राम को काकोरी ट्रेन एक्शन’ के माध्यम से नई ऊर्जा देकर ब्रिटिश हुकूमत की नींव हिलाने वाले वाले पं. राम प्रसाद बिस्मिल जी, अशफाक उल्ला खां जी और रोशन सिंह जी के बलिदान दिवस पर उन्हें नमन किया

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने स्वाधीनता संग्राम को ‘काकोरी ट्रेन एक्शन’ के माध्यम से नई ऊर्जा देकर ब्रिटिश हुकूमत की नींव हिलाने वाले वाले पं. राम प्रसाद बिस्मिल जी, अशफाक उल्ला खां जी और रोशन सिंह जी के बलिदान दिवस पर उन्हें नमन किया। X प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट में केन्द्रीय […]
दूरदर्शन और आकाशवाणी नेटवर्क के माध्यम से प्रादेशिक भाषाओं में सार्वजनिक सेवा प्रसारण को सुदृढ़ बनाया गया

दूरदर्शन नेटवर्क के 28 क्षेत्रीय/राज्य चैनल हैं, जो अपनी-अपनी प्रादेशिक भाषाओं/बोलियों में कार्यक्रम प्रसारित करते हैं। आकाशवाणी अपने 112 क्षेत्रीय चैनलों के माध्यम से देशभर में 23 प्रमुख भाषाओं और 182 बोलियों में कार्यक्रम प्रसारित करता है। दर्शकों की आवश्यकताओं और जनसेवा के उद्देश्यों के अनुरूप प्रादेशिक भाषाओं में नए कार्यक्रम निरंतर शामिल किए जाते हैं। प्रसार भारती का आधुनिकीकरण और उन्नयन केंद्रीय क्षेत्र योजना प्रसारण अवसंरचना एवं नेटवर्क विकास (बीआईएनडी) (2021-26) के अंतर्गत किया जा रहा है। इसके लिए कुल 2,539.61 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य दूरदर्शन और आकाशवाणी दोनों में उत्पादन उपकरण, स्टूडियो सुविधाएं, ट्रांसमीटर और डिजिटल प्रसारण अवसंरचना का उन्नयन करना है। प्रसारण क्षेत्र में तकनीकी प्रगति के मद्देनजर, मानव संसाधन की बदलती आवश्यकता को प्रसार भारती की संविदात्मक नियुक्ति नीति के अनुसार भर्ती करके पूरा किया जाता है। यह केंद्रों द्वारा अनुमानित कार्यात्मक आवश्यकता के अनुसार किया जाता है। दूरदर्शन के पास 65 कार्यक्रम निर्माण केंद्र हैं और आकाशवाणी के पास 230 स्टेशन हैं। इनमें कार्यक्रम निर्माण के लिए स्टूडियो सुविधाएं उपलब्ध हैं। इससे क्षेत्रीय/स्थानीय स्टेशनों के कलाकारों, रचनाकारों और प्रतिभाओं का उपयोग करके स्थानीय/प्रादेशिक भाषाओं में कार्यक्रम तैयार करना संभव हो पाता है। सूचना एवं प्रसारण राज्य मंत्री डॉ. एल. मुरुगन ने आज राज्यसभा में श्रीमती गीता उर्फ चंद्रप्रभा द्वारा पूछे गए प्रश्नों के उत्तर में यह जानकारी दी।
भारत का एनिमेशन, गेमिंग और XR इकोसिस्टम वेव्स के माध्यम से मज़बूत हुआ; यह प्लेटफ़ॉर्म देश को क्रिएटिविटी के ग्लोबल हब के तौर पर स्थापित करता है

एवीजीसी-एक्सआर के लिए राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र (एनसीओई) को इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ़ क्रिएटिव टेक्नोलॉजीज़ (आईआईसीटी) के तौर पर शुरू किया गया है। यह क्रिएटिव टेक्नोलॉजीज़ के लिए प्रमुख संस्थान है, जो मुंबई में स्थित है। आईआईसीटी को कुल ₹391.15 करोड़ के आवंटन के साथ विकसित किया जा रहा है और इसे क्रिएटिव टेक्नोलॉजीज़ (एवीजीसी-एक्सआर सहित) के लिए आईआईटी और आईआईएम की तर्ज पर बनाया गया है। इसने मुंबई में एनएफडीसी कैंपस से काम करना शुरू कर दिया है। यह ग्लोबल बेस्ट प्रैक्टिस के साथ इंडस्ट्री-ओरिएंटेड करिकुलम को फॉलो करता है और हब-एंड-स्पोक फ्रेमवर्क के तहत राष्ट्रीय हब के रूप में सरकारी-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल पर काम करता है। आईआईसीटी विशिष्ट प्रशिक्षण, उद्योग के हिसाब से पाठ्यक्रम और अनुप्रयुक्त अनुसंधान एवं विकास के ज़रिए वर्चुअल रियलिटी, ऑगमेंटेड रियलिटी और 3D मॉडलिंग में स्किल्स की कमी को पूरा कर रहा है। संस्थान ने गेमिंग, पोस्ट-प्रोडक्शन, एनिमेशन, कॉमिक्स और XR में 17 स्पेशलाइज़्ड एकेडमिक प्रोग्राम शुरू किए हैं। ज़्यादा जानकारी https://iict.org/academics/programs से मिल सकती है। इसने करिकुलम को-डेवलपमेंट, एडवांस्ड टूल्स तक पहुंच, मेंटरशिप और उद्योग के साथ सहयोग के लिए गूगल, मेटा, एनवीडिय, माइक्रोसॉफ्ट, एप्पल, एडोब और डब्ल्यूपीपी जैसी प्रमुख वैश्विक कंपनियों के साथ साझेदारी की है। आईआईसीटी स्टार्टअप इनक्यूबेशन और IP क्रिएशन को भी सपोर्ट करता है, जिससे भारत के क्रिएटिव टेक्नोलॉजी स्टार्टअप को ग्लोबल स्टूडियो, निवेशकों और बाजारों से जुड़ने में मदद मिलती है। इससे ‘क्रिएट इन इंडिया’ और ‘ब्रांड इंडिया’ के उद्देश्यों को आगे बढ़ाया जा सकेगा। सरकार ने क्रिएटिव टेक्नोलॉजी में ग्रोथ के लिए कई कदम उठाए हैं, जिसमें एवीजीसी निर्यात शामिल हैं, जैसे: केंद्रीय बजट की घोषणा के बाद अप्रैल 2022 में सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने एवीजीसी प्रमोशन टास्क फोर्स का गठन किया। इसने उद्योग और सरकार को एक साथ लाकर यह बताया कि भारत एनिमेशन, VFX, गेमिंग और कॉमिक्स में स्किल्स, नौकरियों और निवेश को कैसे बढ़ा सकता है; और देश को M&E इंडस्ट्री के लिए ग्लोबल हब के रूप में स्थापित कर सकता है। टास्क फोर्स ने दिसंबर 2022 में रिपोर्ट सौंपी, जिसमें नेशनल एवीजीसी मिशन, सेंटर ऑफ एक्सीलेंस, मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर और भारतीय IP और निर्यात के लिए समर्पित समर्थन की सिफारिश की गई। आईआईसीटी मुंबई की स्थापना की गई है और इसे हाई-एंड ट्रेनिंग और रिसर्च को मजबूत करने के लिए विशेष उत्कृष्टता केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। उच्च गुणवत्ता वाली प्रोडक्शन क्षमता का विस्तार करने, प्रतिभा विकसित करने और अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंच में सुधार पर ध्यान केंद्रित करते हुए, वेव्स 2025 को मई 2025 में पूरे मीडिया और मनोरंजन क्षेत्र के लिए वैश्विक मंच के रूप में आयोजित किया गया था। इसके अलावा, वेव्स निम्नलिखित तीन वर्टिकल के माध्यम से एवीजीसी क्षेत्र और स्टार्टअप को सपोर्ट करता है: 1. वेव्स बाज़ार: भारत के मीडिया और मनोरंजन क्षेत्र के लिए साल भर चलने वाला हाइब्रिड ग्लोबल मार्केटप्लेस। यह संरचित B2B मीटिंग, सह-उत्पादन के अवसरों को सुविधाजनक बनाता है और भारतीय फिल्मों, एनिमेशन, गेमिंग, VFX और XR कंटेंट को अंतरराष्ट्रीय खरीदारों को दिखाता है। 2. वेव्स: यह एवीजीसी-एक्सआर और उभरती मीडिया टेक्नोलॉजी के लिए समर्पित स्टार्टअप एक्सेलेरेटर और इनक्यूबेटर है। यह मेंटरशिप, उन्नत प्रोडक्शन और इमर्सिव-टेक इंफ्रास्ट्रक्चर तक पहुंच, और क्यूरेटेड निवेशक कनेक्शन प्रदान करता है। वेव्स शिखर सम्मेलन 2025 में, इसने Microsoft और Unicorn India Ventures जैसे इन्वेस्टर्स के सामने 30 स्टार्टअप्स को पिच करने का मौका दिया, और 100 से ज़्यादा स्टार्टअप्स को प्रदर्शन करने का स्थल दिया। T-Hub और आईआईसीटी के साथ पार्टनरशिप के ज़रिए, वेव्स इनक्यूबेशन, सरकारी पायलट प्रोजेक्ट्स, भाषासेतु जैसे इनोवेशन चैलेंज और IFFI जैसे प्लेटफॉर्म के ज़रिए ग्लोबल एक्सपोज़र को सपोर्ट करता है, जिससे स्टार्टअप्स को विदेशी निवेश हासिल करने और भारतीय IP को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर वैलिडेट करने में मदद मिलती है। 3. क्रिएटोसफेयर: यह ‘क्रिएट इन इंडिया’ प्रतिभा-खोज पहल है जो सालाना एनिमेशन, गेमिंग, वेबटून्स और डिजिटल स्टोरीटेलिंग के क्षेत्र में 30-35 राष्ट्रीय प्रतियोगिताएं आयोजित करती है। यह नए क्रिएटर्स को मेंटरशिप, इनक्यूबेशन और इंडस्ट्री के अवसरों से जोड़कर उनका पोषण करती है। यह जानकारी सूचना और प्रसारण राज्य मंत्री डॉ. एल. मुरुगन ने आज राज्यसभा में डॉ. परमार जसवंतसिंह सलामसिंह और श्री केसरीदेवसिंह झाला के प्रश्नों के उत्तर में दी।
फैक्ट चेक इकाई ने जनता से सरकार से संबंधित संदिग्ध फर्जी खबरें 8799711259 पर साझा करने का आह्वान किया

भारत सरकार से संबंधित फर्जी खबरों और गलत सूचनाओं के प्रसार का मुकाबला करने के उद्देश्य से सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के प्रेस सूचना ब्यूरो के तहत नवंबर 2019 में एक फैक्ट चेक इकाई (एफसीयू) की स्थापना की गई है। भारत सरकार से संबंधित मामलों पर प्रसारित हो रही किसी भी समाचार/सूचना से जुड़ी शिकायतें […]
डीडीडब्ल्यूएस ने 8 राज्यों के 8 ग्राम पंचायत मुख्यालय वाले गांवों में स्थानीय भाषा में बहुभाषी सुजल ग्राम संवाद का दूसरा संस्करण आयोजित किया

जल शक्ति मंत्रालय के पेयजल एवं स्वच्छता विभाग (डीडीडब्ल्यूएस) ने आज ‘सुजल ग्राम संवाद’ के दूसरे संस्करण का सफलतापूर्वक आयोजन किया । यह सहभागी जल शासन और जल जीवन मिशन (जेजेएम) के समुदाय-नेतृत्व वाले कार्यान्वयन के प्रति भारत सरकार की प्रतिबद्धता को सुदृढ़ करता है । इस वर्चुअल संवाद में ग्राम पंचायत प्रतिनिधियों, ग्राम जल एवं स्वच्छता समिति के सदस्यों, सामुदायिक […]
सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय अनुसूचित जाति/जनजाति के बीच उद्यमिता बढ़ाने और उनके द्वारा संचालित उद्यमों से अनिवार्य 4 प्रतिशत खरीद के लिए राष्ट्रीय अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति हब योजना कार्यान्वित कर रहा है;

सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्रालय-एमएसएमई अनुसूचित जाति/जनजाति के लोगों में उद्यमिता बढ़ाने और अनुसूचित जाति/जनजाति संचालित सूक्ष्म और लघु उद्यमों से 4 प्रतिशत सार्वजनिक खरीद के अनिवार्य लक्ष्य को पूरा करने के लिए राष्ट्रीय अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति हब योजना-एनएसएसएच कार्यान्वित कर रहा है। इस योजना के अंतर्गत सहायता प्रदान करने की कई पहल की गई […]
केंद्र ने तमिलनाडु में ग्रामीण स्थानीय निकायों को मजबूत करने के लिए पंद्रहवें वित्त आयोग अनुदान के तहत 127 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जारी की

केंद्र सरकार ने वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान तमिलनाडु के ग्रामीण स्थानीय निकायों और पंचायती राज संस्थाओं को 127.586 करोड़ रु की राशि जारी की है। यह राशि 15वें वित्त आयोग के तहत वर्ष 2025-26 के लिए अप्रतिबंधित अनुदान की दूसरी किस्त है। यह अनुदान विधिवत निर्वाचित और निर्धारित पात्रता शर्तों को पूरा करने वाले 9 जिला पंचायतों, 74 ब्लॉक पंचायतों और 2,901 ग्राम पंचायतों के लिए […]
उत्तराखंड में पीआरआई संस्थाओं के लिए 15वें वित्त आयोग के अंतर्गत 94 करोड़ रुपये से अधिक के अनुदान जारी किए गए

केंद्र सरकार ने उत्तराखंड में ग्रामीण स्थानीय निकायों/पंचायती राज संस्थाओं के लिए वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान 15वें वित्त आयोग के अनुदान के रूप में 94.236 करोड़ रुपये जारी किए हैं। इस राशि में वित्त वर्ष 2024-25 के लिए अबद्ध अनुदान की दूसरी किस्त, अर्थात् 9,410.03 लाख रुपये की राशि राज्य की सभी पात्र 13 जिला पंचायतों, 95 ब्लॉक पंचायतों और 7,784 ग्राम पंचायतों को जारी की गई है। इसके […]