पीआईबी महाराष्ट्र और गोवा ने भारतीय फिल्म एवं टेलीविजन संस्थान (एफटीआईआई) के सहयोग से मंगलवार को 56वें भारतीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (आईएफएफआई) से पहले गोवा में मान्यता प्राप्त मीडिया प्रतिनिधियों के लिए एक विशेष फिल्म प्रशंसा पाठ्यक्रम का आयोजन किया। महोत्सव के उद्घाटन से ठीक पहले आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य पत्रकारों को सिनेमा की गहरी समझ से लैस करना था ताकि महोत्सव की अधिक जानकारीपूर्ण और व्यावहारिक कवरेज सुनिश्चित हो सके।
यह पाठ्यक्रम एफटीआईआई के संकाय सदस्यों, प्रो. डॉ. इंद्रनील भट्टाचार्य , प्रोफ़ेसर, स्क्रीन स्टडीज़ एवं रिसर्च, और प्रो. वैभव अबनावे , एसोसिएट प्रोफ़ेसर, फ़िल्म निर्देशन द्वारा संचालित किया गया। व्याख्यानों, फ़िल्म स्क्रीनिंग, चर्चाओं और विश्लेषणात्मक अभ्यासों के माध्यम से, विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों को फ़िल्म के स्वरूप, सिनेमाई इतिहास और वैश्विक फ़िल्म निर्माण परंपराओं को आकार देने वाले सौंदर्यशास्त्र से परिचित कराया।
इस सत्र में पीआईबी की महानिदेशक श्रीमती स्मिता वत्स शर्मा , सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के अपर सचिव श्री प्रभात कुमार और एनएफडीसी के प्रबंध निदेशक श्री प्रकाश मगदुम सहित कई वरिष्ठ गणमान्य व्यक्तियों ने भाग लिया । प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए, उन्होंने फिल्म निर्माताओं और दर्शकों के बीच की खाई को पाटने में एक जागरूक और संवेदनशील मीडिया की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि फिल्म कला की सूक्ष्म समझ पत्रकारों को अधिक समृद्ध और सार्थक कथाएँ प्रस्तुत करने में सक्षम बनाती है।
कार्यक्रम के सफल समापन पर, श्री प्रभात कुमार , श्री प्रकाश मगदुम और सुश्री स्मिता वत्स शर्मा द्वारा सहभागी मीडिया प्रतिनिधियों को प्रमाण पत्र प्रदान किए गए । सिनेमा के प्रति सुदृढ़ आलोचनात्मक दृष्टिकोण और नए सिरे से प्रशंसा के साथ, प्रतिनिधि अब 56वें भारतीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव में विविध सिनेमाई प्रस्तुतियों से जुड़ने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।









